
सच्ची दोस्ती तब जन्म लेती है जब प्रेम निःस्वार्थ हो — जैसे श्रीकृष्ण ने बिना किसी अपेक्षा के प्रेम किया और हर उस हृदय के साथ खड़े रहे जिसने उन्हें याद किया।”
— श्रीकृष्ण का उपदेश: प्रेम और मित्रता का सच्चा अर्थ

सच्ची दोस्ती तब जन्म लेती है जब प्रेम निःस्वार्थ हो — जैसे श्रीकृष्ण ने बिना किसी अपेक्षा के प्रेम किया और हर उस हृदय के साथ खड़े रहे जिसने उन्हें याद किया।” — श्रीकृष्ण का उपदेश: प्रेम और मित्रता का सच्चा अर्थ

सच्ची दोस्ती तब जन्म लेती है जब प्रेम निःस्वार्थ हो — जैसे श्रीकृष्ण ने बिना किसी अपेक्षा के प्रेम किया और हर उस हृदय के साथ खड़े रहे जिसने उन्हें याद किया।”
— श्रीकृष्ण का उपदेश: प्रेम और मित्रता का सच्चा अर्थ
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Leave a comment